*देवभूमि न्यूज 24.इन*
हिमाचल प्रदेश में धारा 118 को लेकर सियासी बवाल मचा हुआ है, जिसमें मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू विपक्ष के निशाने पर हैं। उन पर आरोप है कि वे हिमाचल प्रदेश टेनेंसी एंड लैंड रिफॉर्म्स एक्ट 1972 की धारा 118 के प्रावधानों को आसान बनाना चाहते हैं, जिससे उनके सहयोगियों को लाभ पहुंच सके
क्या है धारा 118?
हिमाचल प्रदेश टेनेंसी एंड लैंड रिफॉर्म्स एक्ट 1972 की धारा 118 राज्य में कृषि भूमि गैर किसानों को हस्तांतरण करने पर प्रतिबंध लगाती है।

इसका मतलब है कि हिमाचल प्रदेश के गैर किसान राज्य में कृषि भूमि को बिक्री, उपहार या पट्टे जैसे माध्यमों से खरीद या प्राप्त नहीं कर सकते, जब तक कि उन्हें सरकार से विशिष्ट अनुमति न मिल जाए।
विपक्ष का आरोप
भाजपा नेता और पूर्व मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने कहा है कि मुख्यमंत्री सुक्खू राज्य की संपत्ति अपने व्यापारिक सहयोगियों को सौंपना चाहते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि सुक्खू सरकार राज्य के हितों से खिलवाड़ कर रही है और भ्रष्ट अधिकारियों और माफियाओं के हाथों की कठपुतली बन गई है