*देवभूमि न्यूज 24*
शिलाई:जिला सिरमौर के विकास खंड शिलाई की ग्राम पंचायत शीरी क्यारी के अंतर्गत आने वाले गांव फेडूवाला का एक 3 वर्षीय बच्चा सरकारी कागजों में दर्ज न होने के कारण शिक्षा और अन्य सरकारी सुविधाओं से वंचित हो रहा है। बच्चे का नाम पंचायत के परिवार रजिस्टर में न चढ़ने के कारण परिजनों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
मामले को लेकर बच्चे के पालक प्रकाश पुत्र जगत सिंह ने मंगलवार को जिलाधीश सिरमौर को प्रार्थना पत्र भेजकर हस्तक्षेप की मांग की है।
प्रार्थना पत्र में प्रकाश ने बताया कि उसकी पत्नी काजल का विवाह वर्ष 2021 में कमरऊ क्षेत्र के गांव मुनाना निवासी एक व्यक्ति से हुआ था। उस समय काजल नाबालिग थी, जिसके चलते विवाह किसी सरकारी रिकॉर्ड में दर्ज नहीं हो पाया। इसी दौरान काजल ने 10 मई 2023 को एक पुत्र केशव उर्फ किशू को जन्म दिया।
आरोप है कि बच्चे के जन्म के बाद उक्त व्यक्ति ने काजल और बच्चे के साथ मारपीट कर उन्हें घर से निकाल दिया। 20 अगस्त 2023 को ग्राम पंचायत के समक्ष उसने बच्चे और पत्नी को अपनाने से साफ इंकार कर दिया। इसके बाद काजल अपने मायके आ गई।
प्रकाश ने बताया कि बाद में उसने काजल से विवाह कर लिया और बच्चे को भी अपना लिया। शीरी क्यारी पंचायत में काजल का नाम तो परिवार रजिस्टर में दर्ज हो गया, लेकिन बच्चे केशव का नाम जन्म स्थान का प्रमाण न होने के कारण दर्ज नहीं हो पा रहा है।
प्रकाश ने बताया कि जब वह मुख्य चिकित्सा अधिकारी नाहन से मिले तो उन्हें कमरऊ क्षेत्र की आंगनवाड़ी कार्यकर्ता और आशा वर्कर से रिपोर्ट लाने को कहा गया। लेकिन संबंधित कर्मचारी रिपोर्ट देने में आनाकानी कर रहे हैं। जबकि महिला के पास मातृ एवं बाल सुरक्षा कार्ड मौजूद है जिसमें उसके टीकाकरण का पूरा विवरण दर्ज है
पीड़ित ने डीसी से मांग की है कि संबंधित विभाग को निर्देश दिए जाएं ताकि उसे बच्चे के जन्म स्थान का प्रमाण पत्र मिल सके और वह बच्चे का नाम पंचायत में दर्ज करवाकर स्कूल में दाखिला करवा सके