सेवानिवृत्त पैंशनभोगियों को बीते पांच वर्षों संशोधित पैंशन उपलब्ध करवाई जाए-राजीव शर्मन
देवभूमि न्यूज डेस्क
ऊना
हिमाचल प्रदेश सरकार द्वारा सभी पैंशनरज को संशोधित वेतनमान की अधिसूचना जारी होने व सेवा-पंजिकाओं के महालेखाकार कार्यालय शिमला में भेजने के उपरान्त भी मामले लंबित हैं।
इस बारे ध्यानाकर्षण करवाते हुए सेवानिवृत्त कार्यालय अधीक्षक राजीव शर्मा ने बताया कि अनुमानित पिछले पांच सालों से शिक्षा विभाग समेत विभिन्न विभागों के 45,000 सेवानिवृत्त पैंशनभोगियों को संशोधित वेतनमान नहीं मिल पाया है। हालांकि इसके पहले सेवानिवृत्त पैंशनभोगियों को नई संशोधित पैंशन मिलना प्रारम्भ हो गई है।

इस बारे गहरी आपत्ति व मांग करते हुए राजीव शर्मा ने कहा कि इससे शिक्षा विभाग के तमाम छोटे-बड़े पैंशनभोगियों में निराशाजनक स्थिति पैदा हो गई है। उन्होंने कहा कि पिछले दो सालों से लगातार इस संशोधित पैंशनर्ज वेतनमान की अधिसूचना जारी करने में बहुत देरी की गई है। अब पैंशनर्ज को संशोधित वेतनमान की पैंशन मिलने भी देरी हो रही है। पिछले तीन महीनों से शिक्षा विभाग के तमाम सेवानिवृत्त पैंशनभोगियों की सेवा-पंजिकायें महालेखाकार कार्यालय को भेजी जा चुकी है।
अंतोगत्वा आज दिन तक यह सभी मामलों के लंबित होने से पैशनभोगियों के सब्र का पैमाना टूटता जा रहा है।
राजीव शर्मा ने कहा है कि पहले पैंशनर्ज को संशोधित वेतनमान दिलवाने में देरी की गई तथापि अब अधिसूचना जारी होने के बाद और विभिन्न कार्यालयों से संशोधित पैंशन की सेवा-पंजिकाओं को महिलेखाकार कार्यालय में लंबित रखने से भारी दुविधाओं का सामना करना पड़ रहा है।
इस बारे में उन्होंने मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी से सीधे तौर पर हस्तक्षेप करने का आग्रह करते हुए मांग की है कि तमाम पैशनर्ज को संशोधित पैंशन की एक मुश्त अदायगी का शीघ्रातिशीघ्र प्रावधान करवाया जाना चाहिए।
राजीव शर्मा ने सरकार को चेताया है कि इस बारे अधिक विलम्ब बर्दाश्त नहीं किया जायेगा। उन्होंने कहा कि आगामी दो महीनों में सभी लंबित संशोधित पैशनर्ज को लाभान्वित कर दिया जाना चाहिए।