देवभूमि न्यूज 24.इन
गुप्त नवरात्रि पर्व माघ और आषाढ़ माह में पड़ती है. आषाढ़ की गुप्त नवरात्रि 26 जून से प्रारंभ होंगी और 4 जुलाई तक चलेंगी. गुप्त नवरात्रि में 10 महाविद्याओं की पूजा-आराधना की जाती है.
विशेष तौर पर नवरात्रि में दुर्गा सप्तशती का पाठ करना बेहद लाभ देता है और बड़ी से बड़ी मनोकामना पूरी कर सकता है.
🪔दुर्गा सप्तशती पाठ
दुर्गा सप्तशती के संपूर्ण पाठ में कुल 13 अध्याय हैं, जिसमें कुल 700 श्लोक हैं. इन श्लोकों में मां दुर्गा के चरित्र का वर्णन किया गया है. चूंकि दुर्गा सप्तशती का पाठ बहुत बड़ा है और कई लोगों के लिए इसे पूरा कर पाना संभव नहीं हो पाता है. ऐसे में वे नीचे दिए गए 7 श्लोक का पाठ कर सकते हैं. कहा जाता है कि इनका पाठ करने से पूरे पाठ जैसा फल मिलता है. मान्यता है कि इन 7 श्लोकों में पाठ का पूरा सार छिपा हुआ है.

📿पहला श्लोक
🚩ॐ ज्ञानिनामपि चेतांसि देवी भगवती हि सा।
बलादाकृष्य मोहाय महामाया प्रयच्छति।।
📿दूसरा श्लोक
🚩दुर्गे स्मृता हरसि भीतिमशेष जन्तोः स्वस्थैः स्मृता मतिमतीव शुभां ददासि।
दारिद्र्य दुःख भयहारिणि का त्वदन्या सर्वोपकार करणाय सदार्द्रचित्ता।।
📿तीसरा श्लोक
🚩सर्वमङ्गल माङ्गल्ये शिवे सर्वार्थ साधिके।
शरण्ये त्र्यंम्बके गौरि नारायणि नमोस्तु ते॥
📿चौथा श्लोक
🚩शरणागत दीनार्तपरित्राण परायणे
सर्वस्यार्ति हरे देवि नारायणि नमोस्तु ते॥4॥
📿पांचवां श्लोक
🚩सर्वस्वरुपे सर्वेशे सर्वशक्ति समन्विते।
भयेभ्यस्त्राहि नो देवि दुर्गे देवि नमोस्तु ते॥
📿छठवां श्लोक
🚩रोगानशेषानपंहसि तुष्टारुष्टा तु कामान् सकलानभीष्टान्।
त्वामाश्रितानां न विपन्नराणां त्वामाश्रिता हि आश्रयतां प्रयान्ति॥
📿सातवां श्लोक
🚩सर्वबाधा प्रशमनं त्रैलोक्यस्याखिलेश्वरि।
एवमेव त्वया कार्यम् अस्मद् वैरि विनाशनम्॥
*🚩जय_माता_की🚩*