गुरूवार को श्रीहरि की पूजा के दौरान भूलकर भी ना करे ये 5 गलतियां, वरना बिगड़ सकते हैं बने-बनाए काम

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 *देवभूमि न्यूज 24.इन*

⭕वैसे तो भगवान हमेशा हमारे आस-पास ही रहते हैं, लेकिन जब भी जीवन में कोई परेशानी आती है, तो सबसे पहले भगवान ही याद आते हैं। भक्त अपने कष्टों को दूर करने और जीवन में सुख-समृद्धि पाने के लिए पूरे विधि-विधान से भगवान की पूजा करते हैं।

गुरुवार के दिन भगवान विष्णु की पूजा की जाती है। इस दिन भक्त सच्चे मन से पूजा करते हैं और भगवान विष्णु के मंत्रों का जाप करते हैं। कहा जाता है कि सच्चे मन से भगवान विष्णु की पूजा करने से फल मिलता है। गुरुवार का दिन इसलिए खास है क्योंकि यह दिन भगवान विष्णु को समर्पित माना जाता है। यही वजह है कि इस दिन सच्चे मन से भगवान विष्णु की पूजा करने वाले भक्तों की सभी मनोकामनाएं पूरी होती हैं। ऐसा माना जाता है कि जिन भक्तों पर भगवान विष्णु की कृपा होती है, उनके जीवन में चली आ रही बाधाएं और कष्ट लंबे समय से दूर हो जाते हैं।

⚜️गुरुवार को न करें ये गलतियां
मान्यता है कि भगवान विष्णु की पूजा और व्रत करने वाले भक्तों पर देवी लक्ष्मी प्रसन्न होती हैं और उन्हें धन-धान्य से परिपूर्ण करती हैं। अगर आप गुरुवार का व्रत नहीं कर रहे हैं और केवल पूजा कर रहे हैं, तो कुछ बातों का ध्यान रखना बेहद जरूरी है। गुरुवार के दिन पूजा करते समय अगर इन बातों का ध्यान न रखा जाए तो भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी नाराज़ हो जाते हैं। पूजा करते समय इन ५ बातों का ध्यान रखना बेहद ज़रूरी है।`

१. गुरुवार के दिन केले का सेवन न करें। माना जाता है कि केले के पेड़ में भगवान विष्णु का वास होता है।

२. कहा जाता है कि गुरुवार के दिन किसी भी अन्य चीज़ का दान नहीं करना चाहिए। बल्कि इस दिन पीली चीज़ों का दान करना शुभ होता है। गुरुवार के दिन आप गुड़, चना, चने की दाल आदि का दान कर सकते हैं।

३. गुरुवार के दिन भगवान विष्णु के सामने घी का दीपक जलाएँ।

४. यह भी माना जाता है कि गुरुवार के दिन सफाई करते समय घर से कबाड़ बाहर न निकालें। इसके अलावा, इस दिन घर की धुलाई या पोछा नहीं लगाना चाहिए। कहा जाता है कि गुरुवार के दिन बाल नहीं धोने चाहिए। यह भी माना जाता है कि गुरुवार के दिन नाखून नहीं काटने चाहिए क्योंकि इससे गुरु कमजोर होता है।

५. गुरुवार के दिन जब आप भगवान विष्णु की पूजा कर रहे हों, तो केले के पेड़ पर जल अवश्य चढ़ाएँ।

      *🚩हरिऊँ🚩*