*देवभूमि न्यूज 24.इन*
मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने बाल दिवस के अवसर पर रिज शिमला में ‘चिल्ड्रन ऑफ द स्टेट स्पोर्टस एंड कल्चरल मीट-2025’ का शुभारंभ किया। यह कार्यक्रम पुलिस और सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग द्वारा आयोजित किया गया था, जिसमें प्रदेश के 29 बाल-बालिका सुखाश्रय आश्रमों के लगभग 600 विद्यार्थी भाग ले रहे हैं।
इस अवसर पर अपने संबोधन में, मुख्यमंत्री सुक्खू ने कहा कि यह खेल और सांस्कृतिक महोत्सव पंडित जवाहरलाल नेहरू की भावना को आगे बढ़ाने के प्रदेश सरकार के संकल्प को प्रतिबिंबित करता है। उन्होंने मुख्यमंत्री सुखाश्रय योजना की जानकारी देते हुए बताया कि हिमाचल प्रदेश अनाथ और बेसहारा बच्चों तथा महिलाओं के लिए कानून के तहत योजना बनाने वाला देश का पहला राज्य है। इस योजना के तहत, प्रदेश सरकार ने 6000 अनाथ और बेसहारा बच्चों को ‘चिल्ड्रन ऑफ द स्टेट’ के रूप में अपनाया है और उनके सर्वांगीण विकास के लिए हर स्तर पर सहायता प्रदान की जा रही है
मुख्यमंत्री ने कहा कि इन बच्चों को आगे बढ़ने का मौका देने के लिए जिलों के प्रमुख स्कूलों में उनका दाखिला करवाया जाएगा और दाखिले का खर्चा प्रदेश सरकार वहन करेगी। उन्होंने ‘बेटी पढ़ाओ’ को अपना व्यक्तिगत मिशन बताया और कहा कि खेल जीवन की सच्ची पाठशाला हैं, जहां जीतने पर विनम्रता और हारने पर दोबारा उठने का साहस सीखते हैं।
इस अवसर पर, मुख्यमंत्री ने बच्चों को लैपटॉप स्कूल बैग भी भेंट किए। सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री डॉ. धनी राम शांडिल और पुलिस महानिदेशक अशोक तिवारी ने भी कार्यक्रम में भाग लिया और मुख्यमंत्री की दूरदर्शी प्रेरणा की सराहना की।