*देवभूमि न्यूज 24.इन*
हनुमान चालीसा का पाठ करना अत्यंत लाभदायी माना गया है. यह सारे दुख-दर्द, कष्ट, भय, चिंता को दूर करने वाला, संकटों से बचाने वाला है. साथ ही हनुमान चालीसा का पाठ करने से बजरंगबली की विशेष कृपा होती है, जो जीवन में साहस, सफलता, धन-समृद्धि भी लाती है.
लेकिन कम ही लोग हनुमान चालीसा समय पर पढ़ते हैं या पढ़ते समय सभी नियमों का पालन करते हैं. लिहाजा हनुमान चालीसा पढ़ने का पूरा लाभ सभी को नहीं मिल पाता है. आज हम हनुमान चालीसा पढ़ने का सही समय और सही विधि जानते हैं.
🪔हनुमान चालीसा पढ़ने के 2 सबसे शुभ समय
रोजाना ब्रह्म मुहूर्त में हनुमान चालीसा का पाठ करना सबसे उत्तम माना गया है. शास्त्रों की मानें तो इस समय वातावरण में सबसे शुद्ध ऊर्जा, शांति और शक्ति मौजूद होती है. साथ ही दैवीय शक्तियां सक्रिय रहती हैं. ऐसे में ब्रह्म मुहूर्त यानी सुबह 4 बजे से लेकर 5 बजकर 30 मिनट के बीच हनुमान चालीसा का पाठ करना सबसे शक्तिशाली और फलदायी माना गया है. इस समय को केवल हनुमान चालीसा पढ़ने के लिए ही नहीं, बल्कि मंत्र जप, ध्यान, योग, मेडिटेशन आदि करने के लिए उत्तम माना गया है.
इसके अलावा रात को 8 बजे से 10 बजे तक का समय भी हनुमान चालीसा पढ़ने के लिए बहुत अच्छा माना गया है. क्योंकि इससे पहले शाम तक हनुमान जी प्रभु राम की सेवा में रहते हैं. सुबह ब्रह्म मुहूर्त में या रात 8 बजे के बाद हनुमान चालीसा पढ़ने से वे भक्तों की पुकार जल्दी सुनते हैं.
🪔इस समय नहीं पढ़ना चाहिए हनुमान चालीसा
दिन का एक वक्त ऐसा भी है जब हनुमान चालीसा का पाठ करने से पूर्ण फल की प्राप्ति नहीं होता है. इसके पीछे एक वजह है. दरअसल, जब रामायण काल में भगवान राम, लंकापति रावण का वध करने के बाद विभीषण का राजतिलक कराके वापस लौट रहे थे, तब हनुमानजी ने विभीषण को वचन दिया था कि वह प्रतिदिन दोपहर के समय उनके पास जाएंगे. ऐसे में बजरंगबली नियमित रूप से दोपहर के समय लंका रहते हैं और विभीषण के अनुरोध पर वहीं रुकते हैं. इस कारण इस समय में हनुमान चालीसा पढ़ने का पूरा फल नहीं मिल पाता है.
इसके अलावा गंदे कपड़े पहनकर, घर में सूतक हो (बच्चे के जन्म या किसी परिजन की मृत्यु होने पर सूतक रहता है), मासिक धर्म के दौरान भी हनुमान चालीसा का पाठ नहीं करना चाहिए.
🪔हनुमान चालीसा का पाठ करने की सही विधि
हनुमान चालीसा का साफ कपड़े पहनकर पवित्र स्थिति में ही करना चाहिए. जब भी हनुमान चालीसा का पाठ करें तब लाल रंग की बाती वाला घी का दीपक जलाएं. हनुमान चालीसा पढ़ने से पहले प्रभु श्रीराम का नाम लें फिर हनुमान जी का स्मरण करके सच्चे मन से हनुमान चालीसा का पाठ करें.
*🚩राम_राम_जी🚩*