केंद्र सरकार ने हिमाचल को अब तक लगभग 6000 करोड़ की आपदा राहत दी, राज्य सरकार धनराशि का सही उपयोग नहीं कर पा रही : जयराम ठाकुर

Share this post


देवभूमि न्यूज 24.इन


मंडी से जारी बयान में हिमाचल प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि केंद्र सरकार लगातार हिमाचल प्रदेश की आर्थिक सहायता कर रही है, ताकि आपदा ग्रस्त प्रदेश को समय पर राहत मिल सके। उन्होंने बताया कि इसी क्रम में भारत सरकार के गृह मंत्रालय द्वारा पोस्ट डिजास्टर नीड्स असेसमेंट (PDNA) के तहत हिमाचल प्रदेश को 601 करोड़ 92 लाख रुपये की सहायता राशि प्रदान की गई है।
जयराम ठाकुर ने कहा कि यह धनराशि राज्य में प्राकृतिक आपदाओं से हुए नुकसान की भरपाई और प्रभावित परिवारों के पुनर्वास के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। इस सहायता के लिए उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि केंद्र सरकार हर कठिन समय में हिमाचल के साथ मजबूती से खड़ी रही है।
नेता प्रतिपक्ष ने बताया कि इससे पूर्व भी PDNA के तहत केंद्र सरकार द्वारा हिमाचल प्रदेश को 451 करोड़ रुपये की राशि दी जा चुकी है। वर्ष 2023 से अब तक आई विभिन्न प्राकृतिक आपदाओं के लिए केंद्र सरकार ने आपदा राहत मद में ही लगभग 6000 करोड़ रुपये से अधिक की सहायता प्रदेश को प्रदान की है। इसके अतिरिक्त प्रधानमंत्री द्वारा घोषित अन्य विशेष सहायता पैकेज और घोषणाएं अलग से हैं।
उन्होंने राज्य सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि इतनी उदार केंद्रीय सहायता मिलने के बावजूद प्रदेश सरकार अब तक इस धनराशि को प्रभावी ढंग से आपदा प्रभावितों तक नहीं पहुंचा पाई है। वर्ष 2023 से लेकर अब तक की सभी आपदाओं को मिलाकर भी राज्य सरकार प्रभावित परिवारों को कुल मिलाकर 500 करोड़ रुपये की सहायता भी वितरित नहीं कर पाई है। उन्होंने कहा कि यह स्थिति राज्य सरकार की प्राथमिकताओं और प्रशासनिक क्षमता पर गंभीर प्रश्न खड़े करती है।
जयराम ठाकुर ने राज्य सरकार से आग्रह किया कि केंद्र से प्राप्त आपदा राहत राशि का शीघ्र, पारदर्शी और प्रभावी उपयोग सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि यह धनराशि किसी सरकार की नहीं, बल्कि आपदा से पीड़ित हिमाचल के लोगों की है और इसका प्रत्येक रुपया प्रभावित परिवारों की पीड़ा कम करने तथा प्रदेश के पुनर्निर्माण में खर्च होना चाहिए।
उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश सरकार द्वारा बार-बार केंद्र सरकार पर सहयोग न देने के आरोप लगाए जाना अत्यंत दुखद है। मुख्यमंत्री और उनके पूरे मंत्रिमंडल को इस आर्थिक सहायता के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का सार्वजनिक रूप से आभार व्यक्त करना चाहिए।
नेता प्रतिपक्ष ने प्रदेश में रेजिडेंट डॉक्टरों और एंबुलेंस कर्मियों की हड़ताल पर भी गहरी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि इन हड़तालों के कारण प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था पूरी तरह से चरमरा गई है, जो आम जनता के जीवन और स्वास्थ्य के साथ सीधा खिलवाड़ है। उन्होंने इसके लिए राज्य सरकार और मुख्यमंत्री को पूरी तरह जिम्मेदार ठहराया और कहा कि सरकार की लापरवाही, अदूरदर्शी नीतियों और संवादहीनता के कारण यह संकट उत्पन्न हुआ है।
जयराम ठाकुर ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि इस अव्यवस्था के कारण किसी व्यक्ति के साथ कोई अनहोनी होती है, तो उसकी पूरी जिम्मेदारी राज्य सरकार और मुख्यमंत्री की होगी। उन्होंने सरकार से राजनीति और प्रचार से ऊपर उठकर प्रदेशवासियों की सेहत और सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने की अपील की।
बयान में उन्होंने जानकारी दी कि जयराम ठाकुर आज मंडी से चलकर नूरपुर पहुंचे। इस दौरान उन्होंने जोगिंदर नगर, पालमपुर, धर्मशाला और नूरपुर में रुककर स्थानीय लोगों, भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ताओं, पदाधिकारियों, विधायकों, पूर्व विधायकों एवं प्रत्याशियों से मुलाकात की। उन्होंने सभी से भेंट कर उनका हालचाल जाना तथा मिले स्नेह और सम्मान के लिए आभार व्यक्त किया।