सिरमौर में नशा माफिया पर पुलिस का करारा प्रहार, एक साल में 90% बढ़े NDPS मामले-निश्चिंत सिंह नेगी

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191 केस, 279 तस्कर गिरफ्तार, ₹4.43 करोड़ की अवैध संपत्ति सीज

       *कार्तिकेय तोमर*
    *देवभूमि न्यूज 24.इन*

प्रदेश के सीमावर्ती जिला सिरमौर में नशे के खिलाफ सिरमौर पुलिस ने पिछले एक वर्ष में अभूतपूर्व और सख्त कार्रवाई करते हुए नशा माफिया की कमर तोड़ दी है। वर्ष 2024 की तुलना में वर्ष 2025 में एनडीपीएस एक्ट के तहत दर्ज मामलों में करीब 90 प्रतिशत से अधिक की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। इस दौरान भारी मात्रा में नशीले पदार्थ, नकदी और अवैध संपत्तियां जब्त की गई हैं।

नाहन में मीडिया से बातचीत करते हुए जिला पुलिस अधीक्षक निश्चिंत सिंह नेगी ने बताया कि वर्ष 2025 में एनडीपीएस एक्ट के तहत 191 मामले दर्ज कर 279 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, जबकि वर्ष 2024 में 103 मामलों में 159 आरोपियों की गिरफ्तारी हुई थी।

हेरोइन-चिट्टे पर बड़ा वार
एसपी ने बताया कि युवा वर्ग में तेजी से फैल रहे सबसे खतरनाक नशे हेरोइन/चिट्टा के खिलाफ वर्ष 2025 में 78 मामलों में 1.065 किलोग्राम हेरोइन/चिट्टा जब्त किया गया। इसके अतिरिक्त
54 मामलों में 31.45 किलोग्राम चरस,
7.805 किलोग्राम गांजा,1020 भांग के पौधे बरामद किए गए
अफीम, डोडा-पोस्त और नशीली दवाओं की बड़ी बरामदगी
पुलिस ने आगे बताया कि 25 मामलों में 2.303 किलोग्राम अफीम,99.806 किलोग्राम भुक्की,28.879 किलोग्राम डोडे,1483 अफीम के पौधे,34 मामलों में 17,314 नशीले कैप्सूल, 3,778 नशीली गोलियां और 77 शीशियां नशीला सिरप बरामद किया गया।
इसके अलावा नशा तस्करों से ₹2,42,220 नकद और 92.09 ग्राम सोने के आभूषण भी जब्त किए गए हैं।

₹4.43 करोड़ की अवैध संपत्ति सीज
एसपी निश्चिंत सिंह नेगी ने बताया कि नशा तस्करों के खिलाफ वित्तीय जांच के तहत 6 मामलों में ₹4,43,31,551.53 की नकदी व अवैध संपत्तियां प्राधिकृत प्राधिकारी की अनुमति से सीज/फ्रिज की गई हैं। यह कार्रवाई ड्रग नेटवर्क की आर्थिक रीढ़ पर सीधा प्रहार है।

इसके अलावा PIT-NDPS एक्ट के तहत सख्त कदम उठाते हुए वर्ष 2025 में 8 बड़े नशा तस्करों को गिरफ्तार किया गया है, जबकि कई बड़े तस्कर अभी भी पुलिस की रडार पर हैं।

नशा जागरूकता पर भी फोकस
नशे के खिलाफ केवल कार्रवाई ही नहीं, बल्कि जागरूकता पर भी जोर देते हुए वर्ष 2025 में जिला सिरमौर पुलिस द्वारा 207 नशा जागरूकता शिविर आयोजित किए गए। स्कूलों और गांवों में जाकर करीब 18 हजार विद्यार्थियों व नागरिकों को नशे के दुष्परिणामों और उससे बचाव के उपायों के बारे में जागरूक किया गया।

अपराध लाभदायक नहीं रहेगा: पुलिस
पुलिस अधीक्षक ने स्पष्ट कहा कि सिरमौर पुलिस की यह लड़ाई केवल नशा तस्करों के खिलाफ नहीं, बल्कि इस अवैध धंधे से होने वाले आर्थिक लाभ के खिलाफ भी है। उन्होंने चेतावनी दी कि सिरमौर में अपराध लाभदायक नहीं रहेगा और नशा माफिया की हर अवैध संपत्ति की पहचान कर उसे जब्त किया जाएगा।

उन्होंने आम जनता से अपील की कि नशा तस्करों से संबंधित अधिक से अधिक सूचनाएं पुलिस को दें। दी गई सूचनाएं पूरी तरह गोपनीय रखी जाएंगी। पुलिस और समाज के साझा प्रयास से ही सिरमौर को नशा मुक्त बनाया जा सकता है।