हरिपुरधार बस हादसा: नाहन में गरजे समाजसेवी नत्थू राम चौहान, प्रशासन की कार्यप्रणाली पर उठाए तीखे सवाल

Share this post

 *देवभूमि न्यूज 24.इन*
*कार्तिकेय तोमर- शिलाई*

सिरमौर:जिला सिरमौर के हरिपुरधार क्षेत्र में हुए दर्दनाक बस हादसे ने एक बार फिर क्षेत्र की कानून व्यवस्था और सड़क सुरक्षा की पोल खोल दी है। इस गंभीर मुद्दे को लेकर वरिष्ठ समाजसेवी नत्थू राम चौहान ने नाहन में एक प्रेस वार्ता आयोजित कर प्रशासन की कार्यप्रणाली पर तीखा हमला बोला। उन्होंने हादसे में जान गंवाने वालों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए इसे प्रशासनिक लापरवाही का परिणाम बताया।
“प्रशासन की चुप्पी बेहद चिंताजनक”
प्रेस को संबोधित करते हुए नत्थू राम चौहान ने कहा कि हरिपुरधार बस हादसा कोई साधारण दुर्घटना नहीं, बल्कि व्यवस्था की गंभीर खामियों का नतीजा है। उन्होंने सवाल उठाया कि बार-बार हो रहे सड़क हादसों के बावजूद सरकार और संबंधित विभाग आखिर कब जागेंगे।
उन्होंने कहा, “खस्ताहाल सड़कें, ओवरलोडिंग और सुरक्षा उपायों की अनदेखी प्रशासन की विफलता को साफ दर्शाती है।”
प्रेस वार्ता के प्रमुख बिंदु:
सड़क सुरक्षा का घोर अभाव:
क्षेत्र की सड़कों पर सुरक्षा पैरापेट्स, क्रैश बैरियर और चेतावनी संकेतक बोर्ड्स न के बराबर हैं, जो गंभीर चिंता का विषय है।
पीड़ितों को न्याय की मांग:
हादसे में मृतकों के परिजनों को उचित मुआवजा तथा घायलों को निशुल्क और बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध करवाई जाए।
उच्च स्तरीय जांच की मांग:
पूरे प्रकरण की निष्पक्ष और उच्च स्तरीय जांच कर दोषियों की जवाबदेही तय की जाए।
व्यवस्था परिवर्तन की चेतावनी
नत्थू राम चौहान ने दो टूक शब्दों में कहा कि यदि समय रहते सड़क सुधार और यातायात नियमों का सख्ती से पालन नहीं कराया गया, तो वे जनता के साथ मिलकर आंदोलन करने को मजबूर होंगे।
उन्होंने कहा, “जनता की जान इतनी सस्ती नहीं है कि उसे विभागीय लापरवाही की भेंट चढ़ा दिया जाए।”
निष्कर्ष
नाहन में आयोजित इस प्रेस वार्ता ने प्रशासन को कटघरे में खड़ा कर दिया है और आम जनता की पीड़ा को आवाज दी है। अब देखना यह है कि समाजसेवी नत्थू राम चौहान द्वारा उठाए गए इन गंभीर सवालों पर सरकार और संबंधित विभाग कब और क्या ठोस कदम उठाते हैं।