इस ब्रह्मांड में श्री सदाशिव महादेवन सदा वसन्तं है। महा-शिवरात्रि उत्सव का शुभारंभ है-राजीव शर्मन

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अम्बिकानगर-अम्ब कॉलोनी समीप रेलवे-स्टेशन क्रासिंग ब्रिज व कमांडर होम गार्डज कार्यालय अम्ब तहसील अम्ब-177203 जिला ऊना-हिमाचल प्रदेश।

देवभूमि न्यूज 24.इन

इस ब्रह्मांड में श्री सदाशिव महादेवन सदा वसन्तं है,शैवों-गणों की साम्राज्य-सत्ता चिरकाल से विश्व व्यापक है।
पंच-महाभूतों की सृष्टि सृजनात्मक अनन्त,भारतवर्ष में शैव परम्परा दिग- दिगन्तरं है।।
विश्व बंधुत्व हमारा सांस्कृतिक आदान-प्रदान पर्यटन भक्ति भाव अनन्य है।
शिव-शक्ति संचरण- शक्तिपीठ हिमालय , घर-घर,मंदिर-मंदिर, गांव-गांव, शहर-शहर अनगिनत शिवालय है।।
गणतांत्रिक देश में गूंजारित शिव- तंत्र ,सारी नदिया-सिंधू महातीर्थ है।
कश्मीर से कन्याकुमारी तक गणादेश में शिव-शक्ति महिमामंडित अखंड है।।
शैव सर्वोच्च सत्ता, महा- लोकतंत्र भारत में जनतंत्र का मूलमंत्र मतदान का महत्व अत्यंत है।
श्री सदाशिव का आदि, मध्य, अन्त रहस्यपूर्ण सकल विश्व तंत्र बेअन्त है।।
भू-लोक,बैकुंठ-लोक,पाताल-
लोक ,चौदह -लोक त्रिभुवन त्रिपुरारि त्रिविक्रम, महा-सिद्धेश्वर, महाकालेश्वर संहारक, श्री सदाशिव महा-सन्त है।
त्रिगुणात्मक महा-माया,आदि भौतिक, आदि दैविक,आध्यात्मिक त्रय तापों का संसार चलन्त है।।
सृष्टिकाल संतुलन, सत्तारूढ सत्तातंत्र, परिवर्तन का सिद्धांत अटल सत्य है।
पापाचार, विषमताएं, भूखमरी, मंहगाई बेरोजगारी का बोलबाला सर्वत्र, चिरप्रतीक्षित श्री सदाशिव का तांडव पथ्य है।।
समूचे भारतवर्ष में महा-शिवरात्रि उत्सव का शुभारंभ, ओम नम: शिवाय का महा- मंत्र है।त्रिगुणात्मक सात्विक, राजसिक,तामसिक, शिव शक्ति अलौकिक योगमाया का नियंत्रण है।