राजीव शर्मन,ब्यूरो
देवभूमि न्यूज 24.इन
श्री डेरा बाबा रूद्रानंद आश्रम के ब्रह्मलीन श्री सुग्रीवानन्द जी की स्मृति में उनके अनन्य शिष्य एवं उतराधिकारी श्री हेमानन्द जी महाराज ने विभिन्न सेवा प्रकल्पों का अनवरत संचालन कर दिया है।
नमन: सेवा और मानवता की एक अनुपम मिसाल ”मानव सेवा ही परमात्मा की असली भक्ति है।”
ब्रह्मलीन वेदांताचार्य श्री श्री 1008 स्वामी सुग्रीवानंद जी महाराज की प्रथम पुण्यतिथि के पावन अवसर पर, श्री डेरा बाबा रुद्रानंद आश्रम (नारी) ने सेवा का एक बड़ा संकल्प पूरा किया है।
वर्तमान अधिष्ठाता स्वामी हेमानंद जी महाराज के मार्गदर्शन में, मेघपुर स्थित ‘जिंदा जीव बेसहारा आश्रम’ को 100 पूर्ण सुसज्जित बिस्तर (गद्दे, तकिए और चादर सहित) भेंट किए गए।
गुरु वंदना: स्वामी सुग्रीवानंद जी की स्मृति में जनकल्याणकारी कार्यों का आयोजन।
बड़ा सहयोग: बेसहारा बुजुर्गों के लिए 100 बिस्तरों की व्यवस्था।
प्रेरणा: समाज के अंतिम व्यक्ति तक सहायता पहुँचाना ही आश्रम का मुख्य ध्येय।
स्वामी हेमानंद जी ने इस अवसर पर संदेश दिया कि गुरु महाराज का आशीर्वाद सेवा के माध्यम से ही प्राप्त किया जा सकता है। आश्रम भविष्य में भी ऐसे नेक कार्यों के लिए सदैव तत्पर रहेगा। पीड़ित मानवता की सेवा हेतु विभिन्न प्रकल्प संचालित किए जायेगें।