मंडी जिला की तुंगल घाटी कोटली के समाज सेवी शिब बनेर

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मंडी जिला की तुंगल घाटी कोटली के समाज सेवी शिब बनेर

देवभूमि न्यूज डेस्क
ऊना

जिला ऊना की तुंगल घाटी कोटली इलाका वासियों को तुंगल से संबंध रखने वाले शिब बनेर, गांव व डाकघर भरगाॅव से है जो आज *तुगंल की आवाज बन कर उभर रहे है*, वह तुगंल (कोटली) के जनहित से सम्बन्धित हर मुद्दो को सोशल व प्रिंट मीडिया के माध्यम से सरकार तक पहुचाने का बहुत अच्छा कार्य कर रहे है। शिब बनेर जी, फरवरी-2020 मे पुलिस विभाग के राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार रोधी ब्यूरो से सेवानिवृत्त हुये है। उनका जुलाई, 1980 से अक्टूबर, 1986 तक लगभग 6 बर्ष का सेवाकाल कार्यालय राज्य विद्युत बोर्ड का रहा है उसके उपरांत नवम्बर, 1986 से फरवरी, 2020 लगभग 33 बर्ष का कार्यकाल पुलिस विभाग का रहा है।

पुलिस विभाग का इनके पास लगभग 20 आई0पी0एस अधिकारियो के साथ काम करने का अनुभव है और पुलिस विभाग मे इन्होंने अपनी काफी पहचान बनाई है। सेवाकाल के दौरान अगर कोई तुगंल का कोई व्यक्ति इनके पास किसी कार्य से जाता था तो इन्होंने कभी भी किसी को निराश नही किया। सेवाकाल के दौरान इनके द्वारा किये गये कार्यो की आज भी कई लोग इनकी तारीफ करते है। सेवानिवृत्ति के बाद भी वह जनसेवा मे जुट गये, पहला काम इन्होंने लोगो द्वारा मिल्क फेडरेशन को दिये जाने वाले दुध के मुल्य को बढ़ाने का किया, पहले मिल्क फेडरेशन लोगो को 18 से 20 रुपए प्रति लीटर के हिसाब से दुध का मुल्य देते थे और आज लोगो को 28 रुपए से लेकर 35 रुपए तक दुध का मुल्य मिलता है। कभी बीज की समस्य, कभी उर्वरक की समस्य, पानी, बिजली, सड़क, बसो की आवा-जाही, और भी कई जनहित से सम्बन्धित समस्यो को उठाते रहते है। शिब बनेर जी का कार्य करने व करवाने का तरीक़ा बहुत ही सराहनीय है और आज वह तुगंल की आवाज बनकर एक समाजिक कार्यकर्ता के रूप मे उभर रहे है। शिब बनेर जी कहते है की किसी को भी कोई भी व्यक्तिगत समस्य हो तो वह कभी भी समस्य के हल के लिए उनसे संपर्क कर सकते है। उनका कहना है की वह राजनीति से उपर उठकर लोकहित से सम्बन्धित कार्य करते है और करते रहेंगे। शिब बनेर जी का कहना है की वह शीघ्र ही तुगंल को भ्रष्टाचार मुक्त बनाने का बेड़ा उठायेंगे, तुगंल मे भ्रष्टाचार को पनपने नही देगे न समझौता करेंगे। तुंगल घाटी कोटली इलाका वासियों ने शिब बनेर जी को उनके मिशन मे सफलता व अच्छे स्वास्थ्य की कामना करते हुए साधुवाद दिया है।
राजीव शर्मन